जेल से रिहा हुआ आर्यन खान, बेटे को लेने पहुंचे थे शाहरुख,हाईकोर्ट ने रखी हैं 13 शर्तें

Update: 2021-10-30 06:21 GMT

मुंबई ड्रग केस मामले में शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान करीब 22 दिन बाद जेल से बाहर निकल गए। आर्यन खान के साथ अरबाज मर्चेंट और मुनमुन धमेचा की भी आर्थर रोड जेल से रिहाई हो गई है। आर्यन जैसे ही जेल से बाहर निकला शाहरुख के बॉडीगार्ड ने उसके लिए रास्ता बनाया और उसे तुरंत गाड़ी में बैठा दिया। 22 दिन बाद ड्रग केस में जेल में बंद आर्यन खान बाहर निकले। ऑर्थर रोड जेल के बाहर आर्यन खान को उनके पिता शाहरुख ने रिसीव किया, जिसके बाद वे मन्नत के लिए रवाना हो गए।

आर्यन खान को कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी कागजात समय-सीमा के भीतर जेल अधिकारियों को नहीं मिलने की वजह से एक और रात मुंबई की आर्थर रोड जेल में बितानी पड़ी थी। हालांकि, कागजी कार्रवाई के बाद आज वह जेल से बाहर आ गए। कोर्ट का आदेश प्राप्त करने के लिए ऑर्थर रोड जेल का बेल बॉक्स सुबह 5.30 बजे खोला गया। आर्यन को रिसीव करने के लिए शाहरुख खान जेल के बाहर मौजूद थे। लेकिन शाहरुख गाड़ी से बाहर नहीं निकले।

हाईकोर्ट ने रखी हैं 14 शर्तें

इधर, उच्च न्यायालय ने आर्यन की जमानत के लिए 14 शर्तें लागू की हैं जिनमें एक लाख रुपये के निजी मुचलके का भुगतान और यहां एनसीबी दफ्तर में हर सप्ताह हाजिरी लगाना शामिल है। स्वापक एवं मन:प्रभावी पदार्थों की रोकथाम से जुड़े एनडीपीएस कानून से संबंधित मामलों में सुनवाई करने वाली विशेष अदालत के समक्ष शाहरुख की दोस्त और अभिनेत्री जूही चावला 23 वर्षीय आर्यन के लिए जमानतदार के तौर पर पहुंचीं।

हाईकोर्ट ने पांच पन्नों के आदेश में कहा कि आर्यन खान और दो सह-आरोपियों अरबाज मर्चेंट तथा मुनमुन धमेचा को एक-एक लाख रुपये के निजी मुचलके और इतनी ही एक या दो जमानत राशि जमा करने पर छोड़ा जाएगा। मर्चेंट और धमेचा को भी जमानत दी गयी थी। उच्च न्यायालय द्वारा तय शर्तों के अनुसार तीनों को विशेष एनडीपीएस अदालत में अपने पासपोर्ट जमा कराने होंगे और वे विशेष अदालत से अनुमति लिये बिना भारत छोड़कर नहीं जाएंगे। उन्हें हर शुक्रवार को एनसीबी कार्यालय में अपनी हाजिरी दर्ज करानी होगी। न्यायाधीश कारणों के साथ विस्तृत जमानत आदेश अगले सप्ताह देंगे।

यात्रा की जानकारी देनी होगी

अदालत ने कहा था कि यदि तीनों किसी भी शर्त का उल्लंघन करते हैं तो स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) सीधे विशेष अदालत में उनकी जमानत निरस्त करने के लिए आवेदन करेगा। अदालत ने कहा कि आरोपी व्यक्तिगत रूप से या किसी अन्य के माध्यम से गवाहों को प्रभावित करने या सबूतों के साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश नहीं करेंगे। शर्त के अनुसार आरोपी मुंबई से बाहर जाने से पहले एनसीबी को सूचित करेंगे और अपनी यात्रा की जानकारी देंगे।

अदालत ने कहा कि आर्यन खान, मर्चेंट और धमेचा ऐसी कोई गतिविधि नहीं करेंगे जिसके आधार पर उनके खिलाफ एनडीपीएस कानून के तहत अपराधों के लिए मौजूदा मामला दर्ज है। उच्च न्यायालय ने कहा कि तीनों मामले के किसी सह-आरोपी के साथ या इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त किसी और के साथ कोई संपर्क स्थापित नहीं करेंगे। अदालत ने कहा था कि जब सुनवाई शुरू होगी तो आवेदक/आरोपी किसी तरह सुनवाई में देरी कराने की कोशिश नहीं करेंगे। आर्यन खान और मर्चेंट आर्थर रोड जेल में बंद हैं, वहीं मुनमुन धमेचा भायखला महिला कारावास में हैं। तीनों को एनसीबी ने तीन अक्टूबर को गिरफ्तार किया था।



Tags:    

Similar News