गाजियाबाद में यूपी एसटीएफ ने किया बड़ा खुलासा, नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले गेंग का खुलासा

Update: 2018-06-23 04:28 GMT
नौकरी लगवाने का लालच देकर धोखाधड़ी करके फर्जी कम्पनी बनाकर बेरोज़गार युवक/युवतियों को गुमराह करके पेटीएम के माध्यम से पैसा डलवाने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर मुख्य सरगना प्रीतम सिंह सहित तीन अभियुक्तोें की गिरफ्तार किये गये।

घटना के मुताबिक गाजियाबाद के थाना कविनगर के कमला नेहरू नगर बस स्टैण्ड के पास से समय 11.45 बजे यूपी एसटीएफ ने एक बड़ी कार्यवाही की है. एसटीएफ उत्तर प्रदेश को विगत काफी दिनों से शातिर लोगों द्वारा जनता के लोगों के साथ धोखाधड़ी करके लोगों को नौकरी लगवाने का प्रलोभन देकर पैसा 'पेटीएम' मेें डलवाये जाने की सूचनाऐं प्राप्त हो रहीं थी। इस सूचना को विकसित करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ अभिषेक सिंह द्वारा राजीव नारायण मिश्र, अपर पुलिस अधीक्षक,  राजकुमार मिश्रा, पुलिस उपाधीक्षक, एसटीएफ फील्ड यूनिट नौएडा को निर्देशित किया गया था, जिसके अनुपालन मेें उप निरीक्षक अक्षय पी के त्यागी, के नेतृत्व मेें टीम गठित कर अभिसूचना संकलन की कार्यवाही प्रारम्भ की गयी तथा अभिसूचना तन्त्र को सक्रिय किया गया।  

अभिसूचना संकलन, मुखबिर तथा छानबीन से द्वारा ज्ञात हुआ कि जनपद गाजियाबाद क्षेत्र मेें एक गैंग, जो नौकरी डाट काम नामक वेबसाईट पर नौकरी के लिए अपना बायोडाटा अपलोड करने वाले लोगों का डेटा नौकरी डाॅट काॅम से फर्जी विभिन्न कम्पनियोें के नाम पर लेकर फर्जी इन्टरव्यू लेटर तैयार कर भेजते हैं तथा उनसे सिक्योरिटी के नाम पर अपने विभिन्न पेटीएम खातोें मेें पैसे डलवा लेते हैं तथा उन पैसोें को दूसरे खातोेे में डालकर तथा निकालकर इस्तेमाल करते हैें। एसटीएफ फील्ड यूनिट नौएडा की टीम मुखाबिर की सूचना पर छापेमारी करके इस कार्य के मास्टर माइंड प्रीतम सिंह सहित तीन अपराधियोें को गिरफ्तार करके उनसे उपरोक्त बरामदगी करने मेें उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई ।
 गिरफ्तार मुख्य अभियुक्त प्रीतम सिंह, उम्र करीब 36 साल, ने पूछताछ पर बताया कि वह बीएससी एवं ठण्च्ण्म्क की पढाई कर चुका है तथा नौकरी के नाम पर लोगोें से धोखाधड़ी करके धन लेनेे का काम पिछले ढाई वर्षो से कर रहा है। बताया कि उसके इस गैंग मेें दलबीर, इकरामुद्दीन उर्फ जलालू भी शामिल हैं। इकरामुद्दीन उर्फ जलालू का काम फर्जी आईडी पर सिम उपलब्ध कराना है, जिसमेें बदले उसको प्रत्येक सिम पर रूपया 500/- मिलता है तथा दलबीर का कार्य विभिन्न बैंक के खातोें से पैसा निकालकर लाभ कमाने वालें लोगोें के एकाउन्ट मेे पेटीएम के माध्यम से अथवा नगद उपलब्ध कराना होता है। गिरफ्तार अभियुक्तों से संयुक्त रूप से पूछताछ के उपरान्त यह भी प्रकाश मेें आया कि करीब ढाई वर्ष पूर्व यह लोग नौकरी डाॅट काॅम से फर्जी कम्पनी बनाकर डेटा चोरी छिपे प्राप्त कर कस्टमर को फोन नौकरी दिलाने के नाम पर एकाउन्ट मेें पैसा ट्रान्सफर कराते थे और ये एकाउन्ट फर्जी आधार कार्ड, गलत नाम पते की वोटर आईडी पर खोले जाते थे। फिर आवेदन करने वाले का डेटा प्राप्त होनेे के बाद कंडीडेट को नामी गिरामी कम्पनी जैसे टाटा ग्रुप आफ कम्पनीज, एप्पल, एलएंडटी के नाम के इन्टरव्यू लेटर भी भेजे देते थे और उसके उपरान्त पुनः आवेदनकर्ता को ज्वाइन के नाम पर और पैसा एकाउन्ट मेें डलवाते थे। बाद मेे मोबाइल नम्बर को बन्द कर दिया जाता था। ज्ञात हुआ कि लगभग 6 माह पूर्व इन लोगों ने पेटीएम एकाउन्ट खोलने शुरू किये थे और फिर आवेदनकर्ताओं से नौकरी लगवाने के नाम पर पैसा पेटीएम के द्वारा विभिन्न बैंक खातोें मेें ट्रान्सफर किया जाने लगा। पूछताछ मेें यह भी संज्ञान मेें आया है कि इन लोगोे द्वारा केवाईसी के लिए फर्जी आधार कार्ड, फर्जी वोटर आईडी बनवाने के लिए स्थानीय विधायक एवं ग्राम प्रधानोें के फर्जी लेटरपेड छापकर एवं फर्जी तरीके से मोहरे बनाकर उनका इस्तेमाल किया जाता था। इसके अतिरिक्त यह धोखाधड़ी करने वाला गैंग एक मल्टी लेवल मार्केटिंग कम्पनी, जिसका नाम अपना 'मनीमैजिकमार्ट' के नाम से पोेंजी स्कीम चलाने की तैयारी कर रहें थे। इनकी गिरफ्तारी से भविष्य मेें भारी संख्या मेें भोली भाली जनता को ठगी का शिकार बनने से रोका गया। गिरफ्तार अभियुक्तोें के सम्बन्ध मेें अन्य विस्तृत जानकारी की जा रही है।
गिरफ्तार अभियुक्तोें के विरूद्व थाना कविनगर जनपद गाजियाबाद पर मुख्य अपराध संख्या 1217/18 धारा 420/504/506 भादवि का अभियोग पंजीकृत कराया गया हैं। आगे की कार्यवाही स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है।
गिरफ्तार अभियुक्तोें का विवरण-
1- प्रीतम सिंह पुत्र धर्म सिंह निवासी डी-59, सेक्टर 16 मुरादाबाद मूल निवासी ग्राम सादपुर जनपद अमरोहा ।
2- इकरामुद्दीन उर्फ जलालू पुत्र अजरूद्दीन निवासी इस्माईल रोड असारतपुरा थाना गलशहीद
 जनपद मुरादाबाद ।
3- दलबीर सिंह पुत्र रामकुमार चैहान निवासी विकास नगर म0न0 163 निकट सैनी सीमेट लाइनपार मुरादाबाद ।
अभियुक्तोें से हुई बरामदगी का विवरण-
1- 48 विभिन्न बेंकों के ए0टी0एम0 कार्ड
2- 38 पासबुक विभिन्न बैंकोें की
3- 15 चैक बुक विभिन्न बैंकोें की
4- 24 मोबाइल सिम
5- 16 मोबाइल
6- 11 आधार कार्ड
7- 10 पेन कार्ड
8- 200 फोटो
9- 07 पेटीएम कार्ड
10- 04 पेटीएम बार कोर्ड
11- 18 लेटर पेड
12- 12 वोटर आईडी कार्ड
13- 02 ग्राम प्रधान की मोहर
14- 29,200/- नकद
15- 04 विभिन्न कम्पनियों के नाम नौकरी डाॅट काॅम द्वारा दी गयी इनवाईस । (प्कमं प्दजमतदंजपवदंस, म्दजवउंबम जमबीदवसवहल प्दकपं च्अज स्जकए छपहने उपबतवेवजि च्अज स्जकए डंतनजप ैवसनजपवद चअज स्जकण्द्ध
16- 02 अदद इन्टरव्यू लेटर एलएंडटी व टाटा ग्रुप आॅफ कम्पनीज
17- आक्सीजन इण्डिया सर्विस कम्पनी के कागजात ।

Similar News