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Bulli Bai App : मुस्लिम महिलाओं को ही नहीं बल्कि सिखों को भी बदनाम करने की थी साजिश! मास्टरमइंड महिला गिरफ्तार

आज उत्तराखंड से एक लड़की को पकड़ा गया है जिसे सारे खेल का प्रमुख किरदार कहा जा रहा है।

Bulli Bai App : मुस्लिम महिलाओं को ही नहीं बल्कि सिखों को भी बदनाम करने की थी साजिश! मास्टरमइंड महिला गिरफ्तार
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Bulli Bai App : बुल्ली बाई एप महज मुस्लिम महिलाओं को बेज्जत करने के इरादे से ही नहीं था, बल्कि उसका उद्देश्य सिख मुस्लिम के बीच नफरत फैलाना था। इस मामले में उत्तराखंड से गिरफ्तार महिला बुल्लीबाई ऐप से जुड़े तीन अकाउंट हैंडल कर रही थी और उसके पार्टनर विशाल कुमार ने खालसा सुपरमैसिस्ट नाम से अकाउंट खोला था। 31 दिसंबर को उसने खाते का नाम बदलने और सिखों से जुड़ने की कोशिश की। हालांकि पुलिस ने साफ किया है कि उसका इससे कोई लेना-देना नहीं है। गिरफ्तार लड़की रुद्रपुर के आदर्शनगर कालोनी की रहने वाली है। इसके बारे में और जानकारी जुटाई जा रही है। उसने ने 2021 में इंटर की परीक्षा उत्तीर्ण की है। पिता का निधन हो चुका है। उस पर बुल्ली बाई एप पर विभिन्न समुदाय की महिलाओं की फोटो अपलोड करने और आपत्तिजनक कंटेंट अपलोड करने का आरोप है

मुम्बई पुलिस ने जिस तरह दो गिरफ्तारी की हैं उससे साफ है कि सात महीने सुल्ली एप मामले में दिल्ली पुलिस ने जानबूझ का कार्यवाही नहीं की औऱ दिखाने को विदेश में मेल करते रहे।

इस बार मामला सामने आते ही दक्षिण पंथी साईट आप इंडिया ने जिस तरह इसे खालिस्तान अलगावबादी से जोड़ कर प्रचारित किया था, उससे ही साफ था कि चोर की दाढ़ी में तिनका है।

कल बंगलूरू से जिस लड़के को गिरफ्तार किया गया है वह बिहार का इंजीनियरिंग छात्र विकास कुमार झा है। इसी श्रंखला में आज उत्तराखंड से एक लड़की को पकड़ा गया है जिसे सारे खेल का प्रमुख किरदार कहा जा रहा है।

दिल्ली पुलिस का सायबर सेल कम से कम यह तो जानता होगा कि कोई मूल फोटो यदि सोशल मीडिया से डाउनलोड हुआ किया गया है तो उसे आराम से खोजा जा सकता है।

प्रियंका चतुर्वेदी की मेहनत और मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के कड़े निर्देश के बाद 24 घण्टे में मुम्बई पुलिस लगभग सारे किरदारों को पहचान चुकी है। इसमें कैडर वालों की थू थू होने वाली है। मूल कम्पनी अब उन लोगों से अपने रिश्तों के डिजिटल तार मिटाने में लगी है।

Arun Mishra

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Sub-Editor of Special Coverage News
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