

पिछले कुछ समय से राज्य में देश की शीर्ष जांच एजेंसियों की नजरें जाकिर नायक के आतंकी समर्थक साथियों पर लगी हुई थीI जांच एजेंसियों की रिपोर्ट के मुताबिक देश का कुख्यात आतंकी समर्थक जाकिर नायक वर्ष 2015 में कई बार जयपुर शहर में आया थाI
इससे पुन: एक बार साबित हो गया है कि खोजी पत्रकारिता में स्पेशल कवरेज न्यूज राज्य में अग्रणी हैI हमने लगातार विगत कई समाचारो में जाकिर नायक के आतंकी समर्थको के कच्चे चिट्ठे खोले थेI सूत्रों के अनुसार भारत सरकार द्वारा जाकिर नायक की आतंकी गतिविधियों पर वर्ष 2015 से ही नजर रखी जा रही थीI समय रहते जाकिर नायक ने अपनी काफी पूंजी को जयपुर शहर में लगा रखी हैI जाकिर नायक और उसके साथी इतने शातिराना ढंग से काम करते है कि साधारण आदमी इनके आतंक को बढ़ावा देने की गतिविधियों को भांप नही पाता हैI धर्म के नाम पर गरीब घर के बच्चो के साथ उच्च शिक्षित नव युवको को आतंक की और धकेल कर उन्हें मरने मारने के लिए तैयार करने के काम जाकिर नायक के साथी करते हैI जाकिर नायक के प्रवचनों के प्रभाव में आकर भोले भाले नव युवक आतंक के दल दल में फसते रहे हैI
हमारे देश के दक्षिणी भाग के साथ बांग्लादेश में पकडे गये अनेक आतंकी युवको ने अपना रोल मॉडल जाकिर नायक को बताया थाI जयपुर के साथ राज्य के अनेक भागो में जाकिर नायक लगातार आता रहा है I जयपुर शहर में आने पर जाकिर नायक लतीफ़ आरको की होटल आरको पैलेस में ठहरता थाI इस होटल के बेसमेंट में बने हॉल के अन्दर जाकिर नायक के प्रवचन देने का काम होता थाI जयपुर में वक्फ बोर्ड सदस्य शौकत कुरैशी जो स्वयं एक हत्यारा सजायाप्ता गुण्डा है वह जाकिर नायक को प्रवचन के लिए मुस्लिम मुसाफिर खाना एम डी रोड जयपुर में लाता थाI प्रवचन के बाद जाकिर नायक का भोजन शोकत कसाई के मुग़ल दरबार होटल में होता थाI यहाँ से फिर ये सभी वहाबी आतंकी मुल्ले वक्फ बोर्ड के अन्य सदस्य युसूफ कलाल के अंतर्गत आने वाली दरगाह सरवाड शरीफ में जाते थेI नियमति रूप से फिर अजमेर स्थित युसूफ कलाल के घर पर वक्फ अध्यक्ष अबुबकर नकवी, महरू निशा, कलाल, शोकत कसाई, लतीफ़ आरको मिल बैठकर आतंकी प्रभाव को बढाने के लिए विचार विमर्श करते थेI
सुत्रो के अनुसार जाकिर नायक ने अपनी संपत्ति जब्त होने का आभास होने पर अपनी बड़ी मात्रा में पूंजी का निवेश जयपुर में लतीफ़ आरको, शोकत कुरैशी, नईम इन्डाना व् युसूफ कलाल के साथ महरू निशा के परिवार के साथ कर रखा हैI वक्फ बोर्ड के सदस्यों को एक रुपया भी नही मिलता है फिर भी शोकत कुरैशी , युसूफ कलाल, नकवी मिलकर जाकिर नायक के पैसो से वक्फ जमीनों पर कब्जे करके वहां पर बड़ी बड़ी बिल्डिंग खड़ी करते हैI युसूफ कलाल का अजमेर शहर में पहाड़ी पर बना आलिशान भवन कई करोडो रुपयों का हैI
जब वक्फ बोर्ड से कुछ नही मिलता तो फिर इनकी कई सो करोड़ रुपयों की संपत्तियां केसे खड़ी हो गयी यह जांच का विषय हैI वैसे वक्फ कानून के मुताबिक वक्फ अध्यक्ष, सदस्य सरकारी लोक सेवक माने जाते हैI यदि राज्य की भृष्टाचार निरोधक पुलिस इनकी सम्पतियों की जांच करे तो ये भी जयपुर के राम रहीम से कम पैसे वाले नही निकलेंगेI राज्य की भृष्टाचार निरोधक पुलिस के साथ एन.आई.ए. को इनकी संपत्ति की जांच के लिए हमारे द्वारा लिखा गया हैI




