
UPSC Success Mantra: कठिन परिश्रम व दृढ़ इच्छाशक्ति से आनंद वर्धन को यूपीएससी में मिला 7 वीं रैंक, जानिए सफलता की कहानी

"लहरों से डरकर नौका पार नहीं होती, कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती।"
यह पंक्तियां बिल्कुल सटीक बैठती हैं IAS आनंद वर्धन पर, जिन्होंने UPSC 2016 में 7 वीं रैंक हासिल की थी। अपने कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प से इस कठिन लक्ष्य को उन्होंने चौथे प्रयास में हासिल किया था।
बिहार राज्य के रहने वाले हैं आनंद वर्धन
मूल रूप से बिहार के सिवान जिले के पुनक बुजुर्ग गांव के रहने वाले आनंद वर्धन के पिता विष्णु दयाल मल्ल वायुसेना में वारंट ऑफिसर के पद पर तैनात हैं तो माता कृष्णा मल्ल गृहणी हैं। शुरू से ही एक अनुशासित परिवार में जन्म लेने की वजह से आनंद बचपन से ही बड़ी कुशाग्र बुद्धि के थे। प्रारंभिक शिक्षा उन्होंने अपने पिता जी के साथ रहते हुए पूरी की तो इंजीनियरिंग के लिए दिल्ली आ गए और दिल्ली यूनिवर्सिटी से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन किया।
चौथे प्रयास में बने IAS
ग्रेजुएशन पूरा करने के बाद उन्होंने एक मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी शुरू कर दी थी लेकिन इसी बीच उनका मन यूपीएससी क्लियर करने में लग गया। आनंद ने नौकरी के साथ ही यूपीएससी परीक्षा की तैयारी भी जारी रखी। नौकरी की वजह से उन्हें पढ़ाई के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाता था इसलिए उन्होंने वीकेंड क्लास ज्वाइन कर ली थी। इसके अलावा वह रोज कुछ न कुछ समय निकालकर यूपीएससी के लिए पढ़ते रहते थे।
आनंद ने तीन बार यूपीएससी की परीक्षा दी लेकिन उनको एक भी बार सफ़लता नहीं मिली। इस बात से निराश होने की बजाय उन्होंने दुगनी मेहनत और जज़्बे के साथ पढ़ाई जारी रखी। आनंद के माता पिता ने भी इस दौरान उनका पूरा सहयोग किया। फिर आखिरकार साल 2017 में वह दिन आ गया, जिसका इंतजार UPSC की तैयारी करने वाले हर युवा को होता है। अपने चौथे प्रयास में आनंद ने यूपीएससी परीक्षा क्लियर की और साथ ही 7 वीं रैंक हासिल किया। 'आनंद वर्धन की पत्नी रवींदर कौर भी भारतीय राजस्व सेवा (IRS) में अधिकारी हैं।'
UPSC के लिए सेल्फ स्टडी आवश्यक है: आनंद वर्धन
आनंद वर्धन यूपीएससी एस्पिरेंट्स को सलाह देते हुए कहते हैं कि, "यूपीएससी की तैयारी के लिए आज के दौर में इंटरनेट की मदद ले सकते हैं। अगर आप दूर किसी गांव में हैं और दिल्ली नहीं आ पा रहे हैं तो इंटरनेट आपकी पूरी मदद कर सकता है। अगर आप कोचिंग ज्वाइन करना चाहते हैं तो कर सकते हैं, लेकिन सेल्फ-स्टडी आपको हर हाल में करनी होगी। जॉब करते हुए भी तैयारी की जा सकती है इसके लिए वीकेंड के समय को आपको अच्छे से यूज करना होगा और रोज कुछ न कुछ समय निकालकर पढ़ाई करनी होगी। अपना सिलेबस कंप्लीट करने के बाद ज्यादा से ज्यादा फोकस रिवीजन पर करें। असफलता मिलने पर निराश होने के बजाय अपनी कमियों को सुधारें और दुगुनी उत्साह के साथ फिर तैयारी शुरू करें। सफलता जरूर मिलेगी।"
वर्तमान में आनंद वर्धन ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ के साथ ही नोएडा मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के कार्यकारी निदेशक के पद पर कार्यरत हैं।
Satyapal Singh Kaushik
न्यूज लेखन, कंटेंट लेखन, स्क्रिप्ट और आर्टिकल लेखन में लंबा अनुभव है। दैनिक जागरण, अवधनामा, तरुणमित्र जैसे देश के कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में लेख प्रकाशित होते रहते हैं। वर्तमान में Special Coverage News में बतौर कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं।




