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लोनी में युवक और बच्चे की जान बचाने वाली टीम को एसएसपी वैभव कृष्ण ने किया सम्मानित

आईपीएस वैभव कृष्ण
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आईपीएस वैभव कृष्ण

गाजियाबाद /लोनी: थाना ट्रोनिका सिटी क्षेत्र के खुशहाल पार्क में लगभग 20 फिट बोरवेल के गढ्ढे में दबे युवक को बचाने में पुलिस ने जिस अदम्य साहस का परिचय दिया जो वाकई सराहनीय है, जिसकी चर्चा चहु ओर की जा रही है । मामला बोरवेल में गिरे एक बच्चा और एक युवक का बताया जा रहा है ,जिसमें से बच्चे को तो निकाल लिया गया था लेकिन युवक को निकालने पुलिस को काफी पसीना बहाना पड़ा।



वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक वैभव क्रष्ण ने इस साहसिक कार्य को करने वाली पूरी टीम को पुरस्कर्त किया है। जब से एसएसपी वैभव क्रष्ण ने गाजियाबाद में आकर चार्ज संभाला है कोई न कोई एक नेक काम हो रहा है। जैसे राईफिल दिखाने वाले गिरफ्तार , सरिया गेंग का खुलासा , डेढ़ साल बाद बच्चे का शव बरामद होना , इंदिरापुरम में दिनदहाड़े लूट का वर्क आउट होना। अब एक युवक की जान बचाकर पुलिस के छवि का जनता में एक नया आयाम देंने जैसा होता है। आप जानते है कि पुलिस में कई अधिकारी ऐसे आते है जिनसे लोग मिलने से भी डरते है लेकिन कई अधिकारी ऐसे आते है जिनसे मिलकर आम जनता भी अंदर से खुश होती है। एसएसपी वैभव ठीक उन जैसे अधिकारीयों में से एक है। इस नेक कार्य में शामिल सभी अधिनस्थों का सम्मान कर उनका हौसला आफजाई करना एक अच्छे कप्तान का काम किया है। NSG कमांडो ट्रेनिंग ले चुके दरोगा की टीम ने बचाई युवक की जान,




अमूमन ऐसे मामलों में देखा जाता है कि सेना बुलाया जाता है और सेना ही आकर ऐसे ऑपरेशंस को कामयाब बनाती है और लोगों की जान बचाती है। लेकिन यहां पुलिस ने खुद ही मोर्चा संभाल लिया जिसमें फायर ब्रिगेड भी साथ था । जेसीबी की मदद से युवक को करीबन 4 घंटे की कड़ी मशक्कत करने के बाद बोरवेल से बाहर निकाला। युवक सही सलामत है और इस समय डॉक्टरों की देखरेख में है।



ये जानकारी जब पुस्ता चौकी प्रभारी हरेंद्र पाल सिंह व का0 हरिओम , दमकल विभाग के का0 सतेंद्र व प्रेम पाल सिंह को लगी तो उन्होंने बिना किसी देरी के अदम्य साहस का अपने कर्तव्य को बखूबी निभाया। पुष्ता चौकी प्रभारी हरेंद्र पाल सिंह के विषय में कुछ चोकाने वाली बातें सामने आ रही है , जिसके बारे अभी तक बहुत ही कम लोगो को पता है ।



"चौकी प्रभारी हरेंद्र पाल सिंह NSG कमांडो ट्रेनिंग ले चुके हैं और PSO भी रह चुके हैं। उसके बाद ईन्होंने उत्तर प्रदेश में सेवा का मन बनाया और इस समय इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत है।आज वही NSG कमांडो ट्रेनिंग काम आ रही है जिसके कारण युवक की आज जान बचाई जा सकी है और जिसकी प्रशंसा आमजन की जुबां पर है "।




उक्त पुलिस कर्मियों की जितनी तारीफ की जाए कम है। जान जोखिम में डालकर युवक को बचाने वाले कर्मचारियों को मौके पर पहुंचे एसडीएम सतेंद्र पाल सिंह व सीओ लोनी दुर्गेश कुमार सिंह ने पीठ थपथपाकर शाबाशी दी। ऐसे पुलिस अधिकारियों की जितनी सराहना की जाए कम है, हमे आप पर गर्व है।





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