Top
Begin typing your search...

प्राकृतिक आपदा और टिड्डियों के भय के बीच किसानों के लिए नई आफत

बैसे भी करोना महामारी व लाक डाऊन से किसानो की आर्थिक स्थिति खराब हो चुकी हैऔऱ उसके सामने रोजगार की समस्या उतपन्न हो गयी हैं।

प्राकृतिक आपदा और टिड्डियों के भय के बीच किसानों के लिए नई आफत
X
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

हरदोई हरपालपुर ब्लॉक की दयालपुर ग्राम सभा मे चकबन्दी प्रक्रिया के तहत चको की नाप कराने का फरमान जारी कर दिया गया है साथ ही 13 जून दिन शनिवार से चकबंदी विभाग ने नाप कराना सुनिश्चित भी कर दिया है।

जो की वर्तमान समय व परिस्थितियों के विपरीत है क्योंकि कोरोना महामारी और मंदी से जूझ रहे किसानो ने जैसे तैसे कर्ज लेकर खेतो में जुताई व वुआई कर पाई है। अभी वो फसलों के पकने और लहलहाने का सपना देख ही पाया था कि चकबंदी विभाग ने खेतो की नाप कराने का ऐलान कर दिया जिससे किसान सकते में आ गया है।

साथ ही फसलें खडी हैं उनकी क्षतिपूर्ति की भारपाई कैसे होगी ये भी बड़ा सवाल बन गया है। बैसे भी करोना महामारी व लाक डाऊन से किसानो की आर्थिक स्थिति खराब हो चुकी हैऔऱ उसके सामने रोजगार की समस्या उतपन्न हो गयी हैं।

प्रभावित किसानों ने जिलाधिकारी महोदय से यह मांग की है कि चकबन्दी विभाग की असमय खेतो की नाप व पैमाईश को तत्काल प्रभाव रोक दिया जाये व अनुकूल समय पर जब खेत खाली हो तब नाप कराई जाये जिससे चकबन्दी की प्रक्रिया भी पूर्ण हो जाएगी व किसानों के मुँह से निवाला भी नही छिनेगा।

ग्रामीणों के अनुसार ग्राम प्रधान और चकबन्दी विभाग की मिलीभगत से खेतों के चेक बनाने में जमकर मनमानी हुई है और प्रधानी का समय पूर्ण होने से पूर्व ही चकबन्दी की प्रकिया पूर्ण कर ग्राम समाज की जमीन को प्रधान द्वारा अपने चहेतों तो देने की रणनीति बन चुकी है जिसके चलते ही प्रभावित हो रहे किसानों की समस्या को नज़रंदाज़ किया जा रहा है।

हालांकि पीड़ित किसानों ने जिले के आला अधिकारियों को इस समस्या से कई बार अवगत कराया है परंतु अधिकारी अब गरीब किसानों की सुध लेते है ये बड़ा सवाल है।

Shiv Kumar Mishra
Next Story
Share it