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नोएडा - यमुना में जलस्तर बढ़ने से नोएडा के इन इलाकों में बाढ़ का खतरा, सतर्क रहने की सलाह

अपर जिलाधिकारी मुनिंद्र नाथ उपाध्याय ने बताया कि अभी यमुना व हरनंदी का जल स्तर खतरे के नीचे है। हथिनी कुंड से पानी छोड़े जाने से यमुना का जल स्तर बढ़ने की संभावना है। इसलिए बाढ़ संभावित इलाकों में मुनादी करा कर लोगों को अलर्ट को कहा जा रहा है।

नोएडा - यमुना में जलस्तर बढ़ने से नोएडा के इन इलाकों में बाढ़ का खतरा, सतर्क रहने की सलाह
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नोएडा यमुना व हरनंदी में बाढ़ की आशंका के मद्देनजर जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। हरियाणा के हथिनी कुंड बैराज से पांच लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने के बाद मंगलवार तक यमुना नदी का जल स्तर खतरे के निशान से ऊपर आने की संभावना है। जिला प्रशासन ने सभी उप जिलाधिकारी, तहसीलदार व लेखपालों को अपने-अपने क्षेत्र में मौजूद रहने का निर्देश दिया है।

इन्हें यमुना व हरनंदी के बढ़ते जल स्तर पर नजर रखने के लिए कहा गया है। बाढ़ संभावित गांवों में चौकियां बना कर कर्मचारियों की ड्यूटी लगा दी गई है। प्रशासन ग्रामीणों को अलर्ट के लिए मुनादी करा रहा है। प्रशासन का कहना है कि रविवार को हथिनी कुंड बैराज से पांच लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। जिले के बाढ़ संभावित गांवों में इस पानी का असर 30 घंटे बाद दिखेगा।

मंगलवार तक पहुंचेगा पानी,

अभी यमुना का जल स्तर खतरे के निशान से करीब डेढ़ मीटर नीचे है। हथिनी कुंड से छोड़ा गया पानी मंगलवार सुबह तक नोएडा और ग्रेटर नोएडा के इलाके में पहुंचेगा। इधर, लगातार हो रही बारिश से हरनंदी व यमुना नदी का जल स्तर बढ़ रहा है। बाढ़ की संभावना के देखते हुए प्रशासन ने राहत व बचाव कार्य के लिए तैयारियां पूरी कर ली है। बाढ़ संभावित गांवों में रहने वाले लोगों को अलर्ट रहने की चेतावनी दी जा रही है। रविवार को कुलेसरा में मुनादी करा कर लोगों को जरूरत के सामान के साथ सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए अलर्ट रहने की चेतावनी दी गई है।

बाढ़ संभावित गांवों के लिए बनाई 12 चौकियां

प्रशासन ने बाढ़ संभावित गांवों में तत्काल मदद पहुंचाने के उद्देश्य से 12 स्थानों पर चौकी स्थापित की है। यह चौकियां लतीफपुर बांगर प्राथमिक स्कूल, घरबरा, कासना, बादौली बांगर, याकूतपुर, कुलेसरा, जनता इंटर कॉलेज जेवर, मेवला गोपालगढ़, झुप्पा, भाईपुर ब्रह्मनान, जेवर तहसील परिसर में स्थापित की गई हैं। इन चौकियों पर 24 घंटे कर्मचारियों की ड्यूटी लगा दी है। इन्हें समय से ड्यूटी स्थल पर मौजूद रहने का निर्देश दिया गया है।

जरूरत पड़ने पर बुलंदशहर से ली जाएगी नाव

प्रशासन ने बाढ़ की संभवना के मद्देनजर नाव की व्यवस्था भी कर ली है। बाढ़ में घिरे लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए बुलंदशहर से नाव किराए पर ली जाएगी। इसके लिए प्रशासन ने वहां के नाविकों से बात कर ली है।

इन गांवों में बाढ़ आने की रहती है संभावना,

प्रशासन ने बाढ़ संभावित गांवों की सूची तैयार की है। इनमें लतीफपुर बांगर, मकनपुर बांगर, रामपुर खादर, बेला कला व खुर्द, औरंगपुर, अट्टा गुजरान, फतेहपुर अट्टा, लतीफपुर खादर, मकनपुर खादर, सुहेडी महीउद्दीनपुर, घरबरा, जगनपुर अफजलपुर, मोतीपुर, मोमनाथल, सिकंदरपुर, मुर्शदपुर, तिलवाड़ा, कासना, तुगलपुर, नागौली, गूजरपुर, चूहड़पुर खादर, रोहिलपुर, शफीपुर, कोंडली बांगर व खादर, झट्टा, दलेलपुर, कामबक्शपुर, औरंगाबाद, गढ़ी समस्तीपुर, याकूतपुर, दोस्तपुर मंगरौली, असदुल्लापुर, शाहपुर गोबर्धन, नंगली नंगला, बहरामपुर, चक बसंतपुर, चक मंगरौली, वाजिदपुर, बेगमपुर, लखनावली, कुलेसरा, शहदरा, कानीगढ़ी, सिरसा, करौल बांगर, रामपुर बांगर, जेवर बांगर, छातंगा खुर्द, मेंहदीपुर, मेवला गोपालगढ़, भगवंतपुर छातंगा, झुप्पा, करौली बांगर, मेंहदीपुर बांगर व खादर, सिरौली बांगर, फलैंदा बांगर आदि प्रमुख गांव शामिल हैं।

प्रशासन ने जारी किया हेल्प लाइन नंबर,

बाढ़ संभावित इलाकों में रहने वाले लोगों को तत्काल मदद पहुंचाने के लिए प्रशासन ने हेल्प लाइन नंबर जारी कर दिया है। अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए जिला कंट्रोल रूम नंबर 0120-2560044 और तहसील कंट्रोल रूम नंबर 0120-2934031 जारी किया है। इस पर अधिकारी व कर्मचारी सूचनाएं देंगे। वहीं, आम लोगों के लिए जिला मुख्यालय पर हेल्प लाइन नंबर 0120-2550049, सदर तहसील क्षेत्र के लिए 05738272076 व सदर के लिए 0120-2395687 जारी किया है।

अभी यमुना व हरनंदी का जल स्तर खतरे के नीचे,

अपर जिलाधिकारी मुनिंद्र नाथ उपाध्याय ने बताया कि अभी यमुना व हरनंदी का जल स्तर खतरे के नीचे है। हथिनी कुंड से पानी छोड़े जाने से यमुना का जल स्तर बढ़ने की संभावना है। इसलिए बाढ़ संभावित इलाकों में मुनादी करा कर लोगों को अलर्ट को कहा जा रहा है। एसडीएम व अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों को बाढ़ पर नजर रखने के लिए कहा गया है। बाढ़ प्रभावित लोगों की हर संभव मदद के लिए प्रशासन की तैयारियां पूरी हो चुकी है।

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