छात्राओं के लिए नोएडा पुलिस की अनूठी पहल, राष्ट्रीय महिला आयोग ने बताया अच्छा कदम
नोएडा पुलिस इस पहल के तहत स्कूलों और कॉलेजों में फीडबैक फॉर्म का वितरण करेगी, जिसमें महिलाओं से सुझाव मांगे जाएंगे कि वह उन क्षेत्रों के बारे में बताएं, जहां एंटी रोमियो स्क्वाड की जरूरत है.;
जब जिले की पुलिस के काम को किसी उच्च स्तर पर सराहनीय बताया जाता है, तो उस काम को करने वाले अधिकारी का सीना फक्र से चौड़ा हो जाता है. उस अधिकारी द्वारा अपनी की गई मेहनत का वो पारितोष मानकर मन ही मन बेहद ख़ुशी महसूस करता है. लेकिन एक इस समाज की बिडंबना है कि अच्छी बात को काम लोग सुनना पसंद करते है. अब नोएडा पुलिस ने जिले में एंटी रोमिओ स्क्वाइड को और अधिक गतिशील बनाये जाने के उद्देश्य से छात्राओं से फीडबैक लेने के लिए एक नया प्रयोग शुरू किया है. जो पूरे प्रदेश ही नहीं देश में अनूठा है. अगर नोएडा में एंटी रोमियो स्क्वॉड की ये योजना कामयाब रही तो दूसरे राज्यों की पुलिस के लिए ये गुरू मंत्र साबित हो सकती है.
आज नोएडा पुलिस के ग्रामीण पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल दवारा स्कूली छात्राओं को लेकर एक नए तरह का प्रयोग किया गया. जो प्रदेश में पहली बार प्रक्टिकल किया जा रहा है. इसकी सराहना महिला आयोग कि अध्यक्ष श्रीमती रेखा शर्मा ने की. उन्होंने कहा कि नोएडा पुलिस द्वारा उठाए गए एक बहुत ही सार्थक और आवश्यक कदम है. जिसके तहत पुलिस स्कूलों और कॉलेजों में फीडबैक फॉर्म भी वितरित करेगी, महिलाओं से उन क्षेत्रों के बारे में सुझाव मांगेगी जहाँ उपस्थिति पुलिस की जरूरत है. पुलिस इन क्षेत्रों का नक्शा तैयार करेगी और अपने अनुसार टीमें तैनात करेगी. ये अपने आप में अनूठा प्रयोग है.
A much needed step taken by @noidapolice as Police will also distribute feedback forms at schools and colleges, seeking suggestions from women about areas where the presence police is needed. police will map these areas and deploy teams accordingly https://t.co/dpFLwjhYVa
— rekha sharma (@sharmarekha) June 27, 2019
यह बात जब महिला आयोग की अध्यक्ष द्वारा नोएडा पुलिस के लिए कही गई तो जिले के ईमानदार और तेज तर्रार कप्तान ने धन्यवाद देते हुए कहा कि में इस सराहना के लिए माननीय अध्यक्षा जी का बहुत बहुत धन्यवाद करता हूँ. साथ ही आपको यह बताता हूँ कि इसका श्रेय पुलिस अधीक्षक ग्रामीण युवा आईपीएस अधिकारी विनीत जायसवाल को जाता है. इस एंटी रोमियो स्क्वाड टीमों की मीटिंग कर टीमों को अधिक प्रभावशाली बनाने हेतु एक अभिनव प्रयोग की शुरुआत की गई है. जिसके अंतर्गत स्कूल कॉलेजों में जा कर प्रधानाचार्य/ प्रबंधकों के माध्यम से फीडबैक फॉर्म को छात्राओं के बीच वितरित करा के उनके बहुमूल्य सुझाव लेंगे. उसके बाद उन सुझावों के अनुसार पुलिस की तैनाती की जायेगी ताकि हमारी प्रत्येक बच्ची और छात्रा सुरक्षित माहौल में जी सके.
एसपी ग्रामीण विनीत जायवाल ने बताया कि नोएडा पुलिस की ये पहल अनूठी है. एंटी रोमियो स्क्वाड का गठन हुआ है उसमें थोडा से परिवर्तन करते हुए नोएडा पुलिस ने एक नई पहल शुरू की है. जिसके तहत हम जिले के सभी स्कूलों में एक फार्म वितरित करेंगे जिसमें हम उन छात्राओं से फीडबैक लेंगे कि आपको घर से निकलने के बाद स्कूल जाने तक ऐसे कौन कौन से स्थान है जहाँ आपको इस तरह की समस्या से सामना करना पड़ता है. जहाँ यह मनचले खड़े होकर अक्सर फब्तियां भी कसते रहते है. चूँकि यह बड़े होशियार रहते है और पुलिस के रहने वाले स्थानों से दूर ही यह कार्य करते है. तो उसकी जानकरी वो छात्रा अपने फीडबैक फार्म में चिन्हित करेगी. उसके बाद हम उन चिन्हित स्थानों का सर्वे करके वहां पुलिस की व्यवस्था भी सुनिश्चित करेंगे. इसमें कौन सा मनचला उस छात्रा का पीछा करता है और कब कब फब्तियां कसता है. ऐसे असामजिक तत्वों को हम चिंहित करने का प्रयास करेंगे. लड़कियों से छेड़खानी करने वालों को पहले ये लाल कार्ड मिलेगा. दुबारा शिकायत मिलने पर जेल भेजा जाएगा.
एसपी देहात ने बताया कि इसको लेकर पुरे जिले के पुलिस अधिकारीयों और थाना प्रभारी समेत सबको समझा दिया गया है. अभी कुछ स्कूल बंद है जो एक जुलाई को खुल जायेंगे जो खुले हुए है उनमें ये फ़ार्म वितरित कराया जा रहा है. इसके फार्म के वापस आने के बाद नोएडा में इसके सार्थक परिणाम जरुर नजर आयेंगे. हम छात्राओं द्वारा उपलब्ध कराए गये स्थानों पर पेट्रोलिंग करायेंगे. थाना प्रभारी, चौकी इंचार्ज उन जगहों पर जरुर जायेंगे ताकि इस पर काबू पाया जाय.
एसपी देहात ने बताया कि हमारे पास मेन पॉवर कम होने पर भी हम एंटी रोमियो स्क्वाइड का भली भांति उपयोग कर पायेंगे. इस रेड कार्ड में यह दिखाया जाएगा कि महिला का पीछा करने, उस पर आपत्तिजनक फब्तियां कसना अपराध हैं और इसके लिए वह जेल जा सकता है.पुलिस इस पहल पर फीडबैक के लिए गुरुवार से स्कूलों और कॉलेजों में इन फीडबैक फॉर्म का वितरण करेगी, जिसमें महिलाओं से सुझाव मांगे जाएंगे कि वह उन क्षेत्रों के बारे में बताएं, जहां एंटी रोमियो स्क्वाड की जरूरत है. आगामी सप्ताह में पुलिस इन क्षेत्रों का आकलन करेगी और वहां एंटी रोमियो स्क्वाड की तैनाती करेगी.
विनीत जायसवाल ने कहा, 'ऐसे समय में जब महिलाएं स्कूल, कोचिंग सेंटर और कॉलेजों से पैदल घर लौटती हैं और उनका उत्पीड़न करने के लिए लोग वहां पहले से ही घूमने लगते हैं. इस फीडबैक फॉर्म से हमें इस तरह के क्षेत्रों को पहचानने में मदद मिलेगी ताकि हम वह कड़ी निगरानी रख सके.' उन्होंने बताया कि हर टीम में कम से कम एक सब इंस्पेक्टर, दो पुरूष और दो महिला कॉन्स्टेबल होंगी. पुलिसकर्मी गश्ती के दौरान खाकी और सादी दोनों वर्दियों में रहेंगे.
बता दें कि नोएडा में तैनात एसएसपी वैभव कृष्ण इस तरह की अभिनव प्रयोग करने के माहिर खिलाड़ी है और इन प्रयोगों के हमेशा सार्थक परिणाम आये है. चाहे वो किसी भी जनपद में तैनाती के दौरान किया गया हो. यह भी एक बेहद सार्थक कदम है.