यूपी के इस वरिष्ठ IAS अधिकारी ने मांगा वीआरएस, एक साल में यूपी कैडर के चार अफसर मांग चुके हैं VRS
उत्तर प्रदेश में एक और आईएएस अधिकारी (IAS Officer) ने वीआरएस (VRS) मांगा है.;
उत्तर प्रदेश में एक और आईएएस अधिकारी (IAS Officer) ने वीआरएस (VRS) मांगा है. 2003 बैच के यूपी कैडर के आईएएस अधिकारी रिग्जियान सैंफिल ने नियुक्ति विभाग को पत्र लिखकर वीआरएस की मांग की है. एक साल के भीतर यह चौथे आईएएस ऑफिसर हैं जिन्होंने वीआरएस के लिए आवेदन किया है।
उत्तर प्रदेश रेजिडेंट कमिश्नर के पद पर हैं तैनात
रिग्जियान सैंफिल 2003 बैच के यूपी कैडर के आईएएस अधिकारी हैं जो वर्त्तमान में उत्तर प्रदेश रेजिडेंट कमिश्नर के पद पर दिल्ली में तैनात हैं। रिग्जियान सैंफिल जम्मू कश्मीर के निवासी हैं। 2017 में योगी सरकार बनने के बाद सैंपल सीएम कार्यालय में बतौर विशेष सचिव तैनात हैं। 2018 में डेपुटेशन पर जम्मू-कश्मीर चले गए थे। 2022 में इनको उत्तर प्रदेश सरकार का रेजिडेंट कमिश्नर बनाकर दिल्ली भेजा गया।
रिग्जियान सैंफिल पिछले 20 सालों से कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्यरत रहे हैं। बसपा सुप्रीमो मायावती के कार्यकाल में जालौन, बिजनौर और प्रतापगढ़ में बतौर जिलाधिकारी कार्यरत रहे हैं तो वहीं अखिलेश यादव के कार्यभार में भी रिग्जियान सैंफिल 3 साल तक मुख्यमंत्री के विशेष सचिव के तौर पर कार्यरत रहे हैं। फिलहाल बताया जा रहा है कि निजी कारणों के चलते रिग्जियान सैंफिल वीआरएस ले रहे हैं।
सालभर के भीतर 4 आईएएस अधिकारियों ने मांगा वीआरएस
1 साल के भीतर उत्तर प्रदेश के चार बड़े आईएएस अधिकारियों ने वीआरस लिया है।1987 बैच की सीनियर आईएएस अधिकारी रेणुका कुमार ,1988 बैच की आईएएस जूथिका पाटणकर और 1993 बैच के आईएएस विकास गोठलवाल ने पारिवारिक और स्वास्थ्य कारणों से वीआरएस लिया है। अब 2003 बैच के रिग्जियान सैंफिल ने भी वीआरएस के लिए अप्लाई किया है।